बिहार के मुजफ्फरपुर के अस्पताल में भीषण आग, 10 से ज्यादा मरीजों की मौत!

बिहार के मुजफ्फरपुर के अस्पताल में भीषण आग, 10 से ज्यादा मरीजों की मौत!
Shubham Pandey JHBNEWS टीम,सूरत 2026-06-04 11:44:43

बिहार के मुजफ्फरपुर जिले में गुरुवार तड़के एक निजी अस्पताल में भीषण आग लगने से कम से कम चार मरीजों की मौत हो गई। इस दर्दनाक हादसे के बाद पूरे इलाके में हड़कंप मच गया। प्रारंभिक जांच में आग लगने की वजह शॉर्ट सर्किट मानी जा रही है।

जानकारी के अनुसार, सुबह करीब 3 बजे अस्पताल में अचानक आग भड़क उठी। देखते ही देखते आग अस्पताल के कई हिस्सों में फैल गई, जिससे मरीजों और अस्पताल कर्मियों के बीच अफरा-तफरी मच गई।

अधिकारियों के मुताबिक, आग लगने के बाद अस्पताल के आईसीयू समेत अन्य वार्डों में धुएं का गुबार भर गया। दम घुटने के कारण चार मरीजों की मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की कई टीमें मौके पर पहुंचीं और आग बुझाने के लिए करीब 12 दमकल गाड़ियों को लगाया गया।

बचाव अभियान के दौरान लगभग 15 से 20 मरीजों को सुरक्षित बाहर निकालकर नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया। हालांकि अधिकारियों ने आशंका जताई है कि मृतकों की संख्या बढ़ सकती है।

घटना की गंभीरता को देखते हुए जिला मजिस्ट्रेट (डीएम) सुब्रत कुमार सेन, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) समेत कई वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे और राहत एवं बचाव कार्यों का जायजा लिया। डीएम ने इसे बेहद दुखद घटना बताते हुए कहा कि मामले की जांच शुरू कर दी गई है।

फायर ब्रिगेड अधिकारी राम निवास पांडेय ने बताया कि सुबह 3:55 बजे अस्पताल में आग लगने की सूचना मिली थी, जिसके बाद टीमें तत्काल मौके पर पहुंचीं। प्रारंभिक जांच में आग का कारण शॉर्ट सर्किट सामने आया है। फिलहाल आग पर पूरी तरह काबू पा लिया गया है और सभी मरीजों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचा दिया गया है।

प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि आग और धुएं के कारण अस्पताल में भयावह स्थिति पैदा हो गई थी। हालांकि फायर विभाग और जिला प्रशासन की त्वरित कार्रवाई से कई लोगों की जान बचाई जा सकी।

इस हादसे पर बिहार सरकार ने भी दुख व्यक्त किया है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने मृतकों के परिजनों को 4 लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने और घायलों के बेहतर इलाज की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश अधिकारियों को दिए हैं।

गौरतलब है कि यह घटना दिल्ली के मालवीय नगर स्थित एक होटल में लगी भीषण आग के एक दिन बाद सामने आई है, जिसमें 21 लोगों की जान चली गई थी। लगातार सामने आ रही ऐसी घटनाएं सुरक्षा मानकों और अग्नि सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर रही हैं।